सोमवार, 27 जून 2016

हमारा जीवन







हमारे बच्चों की आँखों में कौतूहल,
युवाओं की आँखों में अल्हड़ता,
प्रौढ़ों की
आँखों में ठहराव, और
बुज़ुर्गों  की आँखों में वात्सल्य
है तो हमारा जीवन सफल है ।

मेरा हँसना मेरा रोना






कभी बेवजह हँसना
कभी बेवजह रोना
कभी हर बात पर हँसना
कभी हर बात पर रोना
कभी न हँसने वाली बात पर हँसना
कभी न रोने वाली बात पर रोना
कभी रोने वाली बात पर हँसना
कभी हँसने वाली बात पर रोना
ये मेरा रोज़ का हँसना
ये मेरा रोज़ का रोना